लाख दुखों की दवा है नीम की पत्तियां, जानिए इसके फायदे

0
  • भारत में इसे ‘गांव का दवाखाना’ कहा जाता है

दैनिक झारखंड न्यूज

रांची । नीम में इतने गुण हैं कि ये कई तरह के रोगों के इलाज में काम आता है। यहाँ तक कि इसको भारत में ‘गांव का दवाखाना’ कहा जाता है। नीम की पत्तियां कड़वी जरूर होती है लेकिन इसमें कई गुण पाए जाते हैं जो आपकी कई बिमारियों का इलाज कर सकती है।

बता दें, हर रोज सुबह नीम की पत्तियां चबाने से त्‍वचा के संक्रमण से बचाव होता है। नीम की पत्तियों को आयुर्वेद में औषधि माना जाता है। गर्मी और बरसात के दिनों में त्‍वचा पर कई तरह के संक्रमण हो जाते हैं। बच्‍चों को तो फोड़े फुंसियां होना आम बात है। इसके लिए हर बार दवा लेने से बेहतर है कि इनसे बचाव किया जाए। ऐसी ही कई बीमारियों से बचने के लिए आपको हर रोज़ सुबह नीम की पत्तियां चबानी चाहिए।

नीम की पत्तियां चबाने के फायदे 

नीम का इस्तेमाल अक्सर चिकनपॉक्स और फोड़े-फुंसियों के इलाज में किया जाता रहा है, लेकिन यह अल्सर, दांत और सोरायसिस के इलाज में भी कारगर है। नीम में एक रामबाण इलाज छिपा है। अगर आप हर दिन सुबह नीम की महज 4 पत्तियां भी चबाएं तो मुंह की देखभाल की जा सकती है। नीम की पत्तियां कील-मुंहासे और फोड़े-फुंसियों के इलाज में भी सहायक होती है।

मुंह की सफाई

नीम के पत्तों का अर्क दांतों और मसूड़ों पर 6 हफ्ते तक रोजाना लगाने से प्लाक बनना कम हो सकता है। यह मुंह में बैक्टीरिया की संख्या को कम करता है जो दांतों की मैल यानी डेंटल प्लाक का कारण बनता है।

शुगर लेवल 

नीम में ऐसे रसायन होते हैं जो रक्त में शर्करा के स्तर को कम करने, पाचन तंत्र में अल्सर को ठीक करने, बैक्टीरिया को मारने और मुंह में प्लाक के निर्माण को रोकने में मदद कर सकते हैं।

सोरायसिस

12 हफ्ते तक नीम का अर्क सेवन करने के साथ रोजाना सूर्य के संपर्क और कोल टार और सैलिसिलिक ऐसिड क्रीम लगाने से लोगों में सोरायसिस के लक्षणों की गंभीरता कम हो सकती है।

Leave A Reply

Your email address will not be published.