अफगानिस्तान में मौजूद हैं 6,500 पाक आतंकी, ज्यादातर TTP से संबंधित : रिपोर्ट

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दैनिक झारखंड न्यूज

काबुल। अफगानिस्तान में पाकिस्तानी आतंकवादियों की संख्या 6,000 और 6,500 के बीच होने का अनुमान है, उनमें से ज्यादातर तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) से संबंधित हैं। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) की एक रिपोर्ट में यह जानकारी दी गई है। आईएसआईएस, अल-कायदा और संबंधित व्यक्तियों और संस्थाओं से संबंधित विश्लेषणात्मक सहायता और प्रतिबंधों की निगरानी टीम (Analytical Support and Sanctions Monitoring Team) की 26वीं रिपोर्ट यूएनएससी की 1267 निगरानी समिति द्वारा प्रस्तुत की गई थी।

रिपोर्ट में कहा गया है कि अफगानिस्तान में मौजूद सबसे बड़े आतंकवादी समूह टीटीपी का नेतृत्व अमीर नूर वली महसूद कर रहा है। उसका समर्थन उनके डिप्टी कारी अमजद और प्रवक्ता मोहम्मद खोरासानी कर रहे हैं। टीटीपी ने पाकिस्तान में विभिन्न हाई-प्रोफाइल हमलों की जिम्मेदारी ली है और जमात-उल-अहरार (JuA) और लश्कर-ए-इस्लाम द्वारा दूसरों की सुविधा पहुंचाई है। टीटीपी के कई पूर्व सदस्य पहले ही आईएसआईएल-के (इस्लामिक स्टेट ऑफ इराक एंड लेवंत-खोरासन) में शामिल हो चुके हैं और उम्मीद है कि समूह और इसके विभिन्न स्प्लिन्टर समूह खुद को आईएसआईएल-के के साथ जुड़ेंगे।

पाकिस्तान अपनी धरती पर आतंकवादियों को पनाह दे रहा

रिपोर्ट में कहा गया है कि अफगानिस्तान में पाकिस्तानी विदेशी आतंकवादी लड़ाकों की कुल संख्या, 6,000 और 6,500 के बीच है। उनमें से अधिकांश टीटीपी के साथ जुड़े हुए हैं। इस रिपोर्ट ने फिर से साबित कर दिया है कि पाकिस्तान अपनी धरती पर आतंकवादियों को पनाह दे रहा है और उनका समर्थन कर रहा है।
खामा समाचार एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार, 21 जुलाई को इस्लामाबाद के उस दावे की हवा निकल गई थी, जिसमें उसने कहा था कि वह आतंक की मदद नहीं कर रहा है, जब अफगानिस्तान के कंधार प्रांत में मारे गए आतंकवादियों के शवों से पाकिस्तानी आईडी कार्ड बरामद किए गए थे। एक अन्य हालिया हमले में प्रांत के तख्त-ए-पोल शहर में नाटो बचाव सहायता द्वारा हवाई हमले में 12 पाकिस्तानियों सहित 25 तालिबान आतंकवादी मारे गए।
पिछले महीने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने नेशनल असेंबली को संबोधित करते हुए मारे गए आतंकवादी और 9/11 के मास्टरमाइंड ओसामा बिन लादेन को “शहीद” कहकर विवाद खड़ा कर दिया था।
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